एक्टर सुशांत सिंह राजपूत मिस्ट्री सुसाइड केस में अब एक नया मोड़ आया है सुशांत के पिता ने सुशांत की कथित गर्लफ्रेंड रिया चक्रवर्ती पर सनसनीखेज आरोप लगाए हैं. सुशांत के पिता ने उनकी गर्लफ्रेंड के खिलाफ पटना में एफआईआर दर्ज करवाई है और कहा है कि रिया ने ही सुशांत को सुसाइड के लिए उकसाया था. उन्होंने कई आरोप लगाते हुए बिहार पुलिस से इस मामले की जांच करने की अपील की है.छह पन्नों की इस एफआईआर में सुशांत के पिता ने कई चौंकाने वाले खुलासे भी किए हैं और साथ ही उन्होंने रिया और उनके परिवार पर सुशांत के खिलाफ षडयंत्र रचने का गंभीर आरोप लगाया है। सुशांत के पिता के मुताबिक, रिया ने उनके बेटे को इस स्थिति में पहुंचा दिया कि उसे खुदकुशी करनी पड़ी। इस छह पन्नों की एफआईआर में क्या लिखा है,सुशांत के पिता ने क्या कुछ सवाल किए है आईये जानते है ….
मेरा पुत्र स्व श्री सुशांत सिंह राजपूत फिल्मी जगत का जाना-माना सितारा रहा। उसने काई पो छे, ब्योमकेश बक्शी, एम.एस. धोनी, केदारनाथ, छिछोरे जैसी सुपरहिट फिल्में की हैं, और भारतीय सिनेमा जगत के बहुत से पुरस्कार अपने अभिनय के बल पर प्राप्त किए हैं।मेरा बेटा सुशांत मई 2019, तक अभिनय जगत मे बुलंदियों पर था। इसी दौरान रिया चकवर्ती नाम की एक लड़की, अपने परिजन व अन्य के साथ एक सोची समझी साजिश के तहत मेरे बेटे सुशांत से जान पहचान बढ़ाने लगी। जिससे कि वो सुशांत के अच्छे संपर्कों का फायदा उठाकर अपने आपको अभिनय जगत में स्थापित कर पाए व सुशांत के करोड़ों रुपयों पर अपना हाथ साफ कर सके। इसी षडयंत्र के चलते रिया व उसके परिजन इन्द्रजीत चक्रवर्ती, संध्या चक्रवर्ती, शोविक चक्रवर्ती ने मेरे बेटे से काफी नजदीकियां बढ़ा लीं और वे सभी मेरे बेटे के हर मामले में हस्तक्षेप करने लगे। इसके बाद मेरा बेटा जहां रह रहा था, वो घर ये कहकर छुड़वा दिया गया कि इस घर में भूत/ प्रेत हैं और उसका प्रभाव मेरे बेटे के दिमाग पर हो गया है। और वहां से मेरे बेटे को मुंबई एयरपोर्ट के नजदीक एक रिसोर्ट में ले जाकर ठहरा दिया। जहां पर रिया व उसका सारा परिवार व मेरा बेटा रहे और लगातार मेरे बेटे को इन सभी ने बार-बार कहा कि तुम बहकी- बहकी बातें करते हो और तुम्हारे दिमाग पर कोई प्रभाव/ दिक्कत है, तुम्हें अच्छे इलाज की जरूरत है इसलिए किसी अच्छे डाक्टर से तुम्हारा इलाज शुरू करवाते हैं। जब हमें यह बात पता चली तो मेरी बेटी, सुशांत से मिली और उसे वापस लाने की कोशिश की, लेकिन रिया व उसके परिजनों ने सुशांत को मुंबई में ही रहने के लिए और वहीं पर इलाज कराने का दबाव बनाया और सुशांत को वापस नहीं आने दिया। जिस वजह से मेरी बेटी वहां से वापस आ गई।

इसके बाद रिया, मेरे बेटे सुशांत को इलाज के बहाने से अपने घर मुंबई में ही ले गई और उसको वहां पर ओवरडोज दवाइयां दी गईं। उस समय रिया ने सबको बताया कि सुशांत को डेंगू हो गया है उसका इलाज चल रहा है जबकि उसे कभी डेंगू नहीं हुआ था। इसी दौरान रिया व उसके परिजनों ने सुशांत की सब चीजों को अपने कब्जे में ले लिया। परिवार से सुशांत की बातें बहुत कम हो गईं। सुशांत का फोन, रिया व उसके परिजन अपने पास रखते थे। रिया जो फिल्मों के ऑफर, सुशांत को आ रहे थे उसमें यह शर्त रखती थी कि अगर मुझे फिल्म मे सुशांत के साथ मुख्य अभिनेत्री के तौर पर लोगे, तो ही सुशांत फिल्म करेगा। सुशांत के सारे विश्वासपात्र कर्मचारी रिया ने बदल दिए व उनके स्थान पर उसने अपने परिचित/ नजदीकी नौकरी पर रख लिए। सारे क्रेडिट कार्ड, बैंक खाते, रिया व उसके परिजनो के कंट्रोल में थे। सुशांत को परिवार से बिल्कुल काट दिया गया। मेरे बेटे का पहले फोन नम्बर 938, था जोकि दिसंबर में इन्होने बंद करवा दिया ताकि सुशांत से बाकि लोग भी अपने आप अलग हो जाएं। इसकी जगह रिया ने अपने नजदीकी सैमियल मिरन्डा की आई.डी पर एक नया फोन नंबर 982 ले लिया जिससे कभी-कभी सुशांत से बात हो जाती थी।

कई बार सुशांत ने मुझे बताया था कि ये लोग मुझे पागल खाने में डालना चाहते हैं, मैं कुछ कर नही पा रहा हूं। इसके बाद सुशांत, मेरी बेटियों से मिलने दिल्ली और हरियाणा आया। उसे आए दो दिन ही हुए थे कि रिया ने बार-बार फोन करके वापस मुंबई आने के लिए दबाव डाला। इस दबाव के कारण मेरा बेटा सुशांत मुंबई वापस चला गया। इसके बाद हमसे बातें और कम हो गईं और रिया व उसके परिजन एवं रिया के द्वारा लगाये गए कर्मचारी अपने हिसाब से सुशांत के सम्पर्क, उसके बैंक खाते, उसकी रकम को अपने फायदे के लिए पूरी तरह से इस्तेमाल करना शुरू कर दिया। मेरा बेटा सुशांत फिल्म लाइन को छोड़कर, Coorg, केरल में ऑर्गेनिक खेती का व्यवसाय करना चाहता था। उसका दोस्त महेश उसके साथ जाने के लिए तैयार था, तब रिया ने इस बात का विरोध किया कि तुम कहीं पर नहीं जाओगे। अगर मेरी बातें नहीं मानोगे तो मैं मीडिया में तुम्हारी मेडीकल रिपोर्ट दे दूंगी और सब को बता दूंगी कि तुम पागल हो।
जब रिया को लगा कि सुशांत उसकी इस बात को नहीं मान रहा है और उसका बैंक बैलेंस भी बहुत कम रहा गया है। इस पर रिया ने सोचा कि अब सुशांत उसके किसी काम का नहीं रहा है तो रिया जो कि सुशांत के साथ रह रही थी दिनांक 08.06.2020 को सुशांत के घर से काफी सारा सामान, कैश, जेवरात, लैपटाप, पासवर्ड, क्रेडिट कार्ड, उसके पिन नंबर, सुशांत के अहम दस्तावेज, इलाज के सारे कागजात लेकर चली गई और मेरे बेटे सुशांत का फोन नंबर अपने फोन मे ब्लॉक कर दिया। इसके बाद सुशांत ने मेरी बेटी को फोन करके बताया कि रिया मुझे कही फंसा देगी, वो यहां से काफी सामान लेकर चली गई है, वो मुझे धमकी देकर गई है कि अगर तुमने मेरी बात नहीं मानी तो मैं तुम्हारे सारे इलाज के कागजात मीडिया मे ओपन कर दूंगी और कह दूंगी कि तुम पागल हो गए हो, तुम्हें आगे कोई काम नहीं मिलेगा और तुम बर्बाद हो जाओगे। इसके बाद दिनांक 8 और 9 जून की रात को दिशा जो कि रिया ने ही सुशांत के पास अस्थाई तौर पर सेक्रेटरी नियुक्त की थी, उसने आत्महत्या कर ली, जिसके कारण मीडिया मे यह खबर चलने लगी जिससे मेरे बेटे को बहुत घबराहट हो गई और जिसके चलते मेरे बेटे ने रिया से संपर्क करने की बहुत कोशिश की, लेकिन रिया ने मेरे बेटे का फोन नंबर ब्लॉक कर रखा था इसलिए उसका संपर्क नहीं हो पाया। मेरे बेटे को अंदर ही अंदर यह डर था कि कहीं रिया इस आत्महत्या के लिए मेरे बेटे को कहीं ना फंसा दे।
इसके बाद मेरी बेटी, सुशांत के पास गई और उसके पास तीन-चार दिनों तक रही। उसने सुशांत को काफी समझाया और हौसला दिया कि सब कुछ ठीक हो जाएगा। क्योंकि मेरी बेटी के बच्चे छोटे हैं इसलिए वो समझा-बुझाकर वापस अपने घर चली गई। लेकिन उसके जाने के दो दिन के बाद मेरे बेटे सुशांत ने दिनांक 14.06.2020 को आत्महत्या कर ली। रिया व उसके परिजन व इसके सहयोगी कर्मचारियों ने षडयंत्र के तहत मिलकर मेरे बेटे के साथ धोखाधड़ी, बेईमानी की है और उसे काफी समय तक बंधक बनाकर, दबाव से अपने आर्थिक फायदे के लिए इस्तेमाल किया। मेरे बेटे को आत्महत्या करने के लिए मजबूर किया है। इसलिए उपरोक्त प्रकरण के चलते आपसे मेरा नम्र निवेदन है कि निम्न बिन्दुओं के संबंध मे इनके विरुद्द मुकदमा दर्ज किया जाए।
- साल 2019 से पहले जब मेरे बेटे सुशांत को कोई भी दिमागी परेशानी नहीं थी तो रिया के संपर्क में आने के बाद अचानक क्या हुआ कि वो दिमागी रूप से एकदम परेशान हो गया, इसकी जांच की जाए।
- यदि इस दौरान वह मानसिक रूप से परेशान था या उसका कोई दिमागी इलाज चल रहा था तो इस संबंध में हमसे लिखित या मौखिक अनुमति क्यों नहीं ली गई, क्योंकि जब कोई व्यक्ति मानसिक रूप से बीमार होता है तो उसके सारे अधिकार उसके परिवार के ही पास होते हैं, इसकी जांच की जाए।
- इस दौरान जिन-जिन डाक्टरों ने रिया के कहने पर मेरे बेटे सुशांत का इलाज किया है, मुझे लगता है कि ये डाक्टर भी रिया के साथ इस षडयंत्र में शामिल थे। इस बात की जांच होनी चाहिए कि उन्होंने क्या-क्या इलाज किया और कौन-कौन सी दवाइयां मेरे बेटे को दीं?
- जब रिया को पता था कि मेरे बेटे की मानसिक हालत नाजुक चल रही है तो इस स्थिति में उसका ठीक तरीके से इलाज ना करवाना और उसके इलाज के सारे कागजात अपने साथ ले जाना और मेरे बेटे को उस नाजुक हालात मे अकेला छोड़ देना, और उससे हर तरह के संपर्क तोड़ लेना जिसके कारण मेरे बेटे ने आत्महत्या कर ली तो उसकी मौत की जिम्मेदार रिया एवं इसके परिजन और सहयोगी ही हैं, इसकी जांच की जाए।
- मुझे अपने पुत्र के एक बैंक खाते की स्टेटमेंट से पता चला है कि पिछले एक साल में लगभग 17 करोड़ रुपये मेरे बेटे के इस खाता नंबर 10* कोटेक महेंद्रा बैंक में रहे। इस दौरान करीब 15 करोड़ रुपये निकाले गए। इस खाते से पैसा ऐसे खातों में ट्रांसफर हुआ है जिनसे मेरे बेटे का कोई लेना देना नहीं था। मेरे बेटे के सभी खातों की जांच की जाए कि इन बैंक खातों/ क्रेडिट कार्ड से कितना पैसा रिया ने अपने परिजनों एवं सहयोगियों के साथ धोखेबाजी और षडयंत्र से ठगा है।
- इस प्रकरण से पहले सुशांत का अभिनय जगत मे नाम था तो ऐसे क्या कारण रहे कि रिया के आने के बाद उसकी फिल्में एकदम से कम हो गईं, इसकी जांच की जाए।
- मेरा बेटा सुशांत ऑर्गेनिक खेती के व्यवसाय के लिए Coorg केरल अपने दोस्त महेश के साथ जाना चाहता था जिसके लिए वो जमीन तलाश रहे थे। जब रिया को इस बात का पता चला तो उसने इस बात का विरोध किया और सुशांत को धमकी दी कि मैं तुम्हारे इलाज के सारे पेपर मीडिया मे हाइलाईट कर दूंगी और अपने अच्छे रसुक के चलते तुम्हारा सब कुछ बर्बाद कर दूंगी, लेकिन जब सुशांत ने उसकी इस बात का विरोध किया तो रिया को लगा कि अब वो उसके किसी काम का नहीं रहा है, तो रिया वहां से लैपटॉप, कैश, जेवर, क्रेडिट कार्ड, इलाज के दस्तावेज, पिन नंबर और पासवर्ड साथ लेकर चली गई, इस प्रकरण की जांच की जाए।

मैंने अपने घर पटना, बिहार में रहते हुए बहुत बार अपने बेटे सुशांत से बात करने की कोशिश की, लेकिन रिया और उसके परिजन व सहयोगियों ने हमेशा मेरी सारी कोशिशों को नाकाम कर दिया और ना ही उसने सुशांत को मेरे पास पटना आने दिया। मैं बुजुर्ग आदमी हूं, मेरी उम्र 74 साल है। मैं अपने बेटे के निधन के चलते शोक मे हूं। करीब 40 दिन गुजर चुके हैं, लेकिन मुंबई पुलिस मुख्य आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई ना करके जिन लोगों की इस प्रकरण मे कम भूमिका रही है उनके ऊपर जांच किए जा रही है और आज तक किसी के विरुद्ध कोई भी अभियोग दर्ज नहीं किया है। मुझे पूरा यकीन है कि यदि उपरोक्त तथ्यों के आधार पर मुकदमा दर्ज करके जांच की गई तो सच्चाई सबके सामने आ जाएगी और उपरोक्त धोखेबाज और षडयंत्रकारी गिरोह का पर्दाफाश हो सकेगा और पूरी दुनिया यह जान सकेगी कि उनका प्रिय अभिनेता किस षडयंत्र का शिकार हुआ है, जिसके कारण उनका प्रिय अभिनेता उनसे दूर हुआ है। आपसे निवेदन है कि आप उपरोक्त सभी के खिलाफ अभियोग धारा (306, 342, 380, 406, 420, 506, 120 / बी, भारतीय दंड संहिता एवं Mental Health Care Act) के तहत दर्ज कर एक एस.आई.टी, गठित करके, इनके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई करें।






